Connect with us

लाइफस्टाइल

आइस क्यूब से निखारें सुंदरता

Published

on

icecube-

आइस क्यूब को ज्यादातर गर्मियों में तपती धूप में ठंडक प्रदान करने के लिए उपयोग किया जाता है।

लेकिन आइस क्यूब का उपयोग महज खाने, पीने तक ही सीमित नहीं है, बल्कि आइस क्यूब गार्मियों में चेहरे की रंगत निखारने तथा सनबर्न, काले दाग, कील मुंहासों तथा सौंदर्य से जुड़ी अनेक समस्याओं का सरल तथा सस्ता उपचार साबित होते हैं।

सौंदर्य विशेषज्ञ शहनाज हुसैन का कहना है कि आइस क्यूब से जहां सौन्दर्य समस्याओं के प्राकृतिक उपचार में मदद मिलती है वहीं आइस क्यूब, फेशियल स्पा तथा सैलून जैसे महंगे सौंदर्य उपचारों के मुकाबले कहीं ज्यादा प्रभावी साबित होते हैं।

Image result for आइस क्यूब से निखारें सुंदरता

उन्होंने कहा कि चेहरे पर आइस क्यूब की मसाज से त्वचा में खिंचाव आता है तथा छिद्रों से गंदगी बाहर निकलती है। लेकिन आइस-क्यूब को सीधे कभी चेहरे पर कतई न मलें क्योंकि इससे चेहरे की कोशिकाओं को नुकसान पहुंच सकता है। आइस-क्यूब को हमेशा साफ कॉटन के कपड़े में लपेटकर ही चेहरे की हल्के-हल्के ऊपर से नीचे तथा दाएं से बाएं ओर मसाज करें। हल्के-हल्के मसाज करने से त्वचा में ताजगी तथा रंगत में निखार का साफ अहसास देखा जा सकता है।

गर्मियों के आद्र्रता भरे मौसम में फाउंडेशन को ज्यादा देर तक बनाए रखने के लिए सबसे पहले त्वचा को धोकर साफ करें तथा काटन वूल की मदद से एस्ट्रीजैन्ट टोनर अप्लाई करें। कुछ मिनटों के बाद साफ कपड़े में आइस-क्यूब को चेहरे पर आहिस्ता से रगड़िए। इससे त्वचा के छिद्रों को बंद करने में मदद मिलेगी।

Image result for आइस क्यूब से निखारें सुंदरता

वैकल्पिक तौर पर आईस क्यूब के ठंडे पानी में काटन वूल को भिगोकर इसे त्वचा पर आहिस्ता-आहिस्ता मलिए। इससे त्वचा की रंगत में निखार आएगा तथा त्वचा के छिद्रों को बंद करने में मदद मिलेगी।

हर्बल क्वीन के नाम से मशहूर शहनाज हुसैन ने कहा कि अगर त्वचा में चोट की वजह से सूजन आ जाए तो आइस-पैक्स से त्वचा की जलन तथा सूजन को राहत प्रदान करने में मदद मिलती है। आइस-क्यूब आंखों में सूजन के लिए भी रामबाण का काम करती है।

एक साफ कॉटन के वस्त्र में आइस-क्यूब को लपेट कर कुछ सेकेंड तक आंखों से लगाइए, लेकिन याद रखिए कि आंखों के नीचे की त्वचा अत्यंत पतली तथा संवेदनशील होती है तथा अगर आपने आईस क्यूब ज्यादा देर तक आंखों के नीचे रखे तो आंखों की कोशिकाओं को नुकसान हो सकता है। थ्रे

डिंग तथा वैक्सिंग के बाद भी आईस-क्यूब ठंडक तथा राहत प्रदान करने में अति सहायक साबित होती है। चेहरे पर आइस क्यूब से चेहरे की झुर्रियों को रोकने में मदद मिलती है। मुट्ठी भर आइस क्यूब में लवैंडर, जैस्मिन तेल की बूंदें डालकर कपड़े में लपेटकर चेहरे की मसाज करने से त्वचा की यौवनता लौट आती है।

आइस क्यूब में संतरा, नींबू, स्ट्राबेरी का रस मिलाकर नैपकिन में डालकर चेहरे की मसाज करने से चेहरे के छिद्रों को टाइट करने में मदद मिलती है जिससे आप युवा लगते हैं।

आइस क्यूब टिप्स :

* कई बार थ्रेडिंग के बाद त्वचा में सूजन आ जाती है जिसे आइस-क्यूब को नैपकिन में लपेटकर मलने से दूर किया जा सकता है। घर में जब आप आईब्रोज करती है तो वैक्सिंग के बाद लालगी तथा सूजन के लिए आइस-क्यूब का उपयोग किया जा सकता है।

* त्वचा पर चकत्ते, फोड़़े, फुन्सियों में भी आइस-क्यूब काफी लाभकारी माने जाते हैं। अगर फोड़़े, फुन्सियों की वजह से चेहरे पर जलन तथा सूजन महसूस हो रही हो तो आइस-क्यूब के उपयोग से काफी राहत मिलती है।

* आइस-क्यूब के लगातार उपयोग से छिद्र बंद हो जाते हैं जिससे कील मुहांसे निकलने बंद हो जाते हैं।

* यदि आप किसी पार्टी में जाने की जल्दी में हैं तथा आप मेकअप के लिए समय नहीं निकाल पा रहे हैं तो भी साफ कपड़े या नैपकिन में आई क्यूब लपेटकर चेहरे तथा त्वचा पर रगड़ने से त्वचा में निखार आएगा तथा चेहरे की आभा बढ़ेगी।

–आईएएनएस

लाइफस्टाइल

वायु प्रदूषण पहुंचा रहा त्वचा को नुकसान

Published

on

oily-skin--
File Photo

चिकित्सकों का कहना है कि वर्तमान वायु की गुणवत्ता लोगों के लिए खतरा बनती जा रही है। यह सीधे हमारी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती है और चकत्ते और जलन की वजह हो सकती है। इसकी वजह से आंखों और नाक में पानी आ सकता है।

बीएलके सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के रेस्पिरेटरी मेडिसिन, एलर्जी एंड स्लीप डिसऑर्डर के सीनियर कंसलटेंट व एचओडी डॉ. संदीप नायर ने कहा, “वायु में मौजूद 2.5 माइक्रोन (पीएम 2.5) से छोटे कण सीधे सांस लेने के रास्ते हमारे शरीर में प्रवेश कर सकते हैं। हमें सांस लेने में दिक्कत, खांसी बुखार और यहां तक कि घुटन महसूस होने की समस्या भी हो सकती है। हमारा नर्वस सिस्टम भी प्रभावित हो जाता है और हमें सिरदर्द और चक्कर आ सकता है।

अध्ययनों में बताया गया है कि हमारे दिल को भी प्रदूषण सीधे तौर पर नुकसान पहुंचाता है।”उन्होंने कहा, “पिछले कुछ दिनों में मरीजों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है। यहां तक कि रोग की गंभीरता भी बढ़ गई है। हमारी ओपीडी में हमने लगभग 20 प्रतिशत से 30 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है।

ये रोगी खांसी, सांस लेने में दिक्कत, छींकने, बुखार और सांस की समस्या से पीड़ित हैं। सबसे आम बीमारी जो देखने को मिली हैं, वे हैं गंभीर ब्रोंकाइटिस, अपर रिस्परेटरी ट्रैक्ट का संक्रमण और अस्थमा की उत्तेजना।”

डॉ. संदीप नायर ने कहा, “हालांकि प्रदूषण के घातक प्रभाव से कोई भी बचा नहीं है लेकिन आयु वर्ग के अनुसार ज्यादा पीड़ित हैं, यानि छोटे बच्चे और बुजुर्ग आयु समूह अधिक पीड़ित है। पर्यावरण की मौजूद स्थितियों से निपटने के लिए हमें उचित सावधानी बरतनी चाहिए।”

उन्होंने कहा, “सांस में हानिकारक कणों को लेने से बचने के लिए खुद को विशेष रूप से अपने चेहरे को कवर करने का प्रयास करना चाहिए। स्वस्थ आहार खाएं, आवश्यक मात्रा में तरल पदार्थ लें। संक्रमण की स्थितियों को कम करने के लिए सभी कमजोर मरीजों को फ्लू और निमोनिया के टीके लगवाने चाहिए।

धुंध में सुबह के व्यायाम/चलने से बचें क्योंकि व्यायाम के दौरान हम मौजूद प्रदूषित और हानिकारक हवा को सांस से अधिक मात्रा में खींचते हैं।”डॉ. नायर ने कहा, “श्वसन रोग से पीड़ित मरीजों को अपनी दवा (इनहेलर्स इत्यादि) नियमित रूप से तब भी लेनी चाहिए भले ही उनमें लक्षण न दिखें। उनके चिकित्सक से परामर्श किए बिना कोई दवा रोकना नहीं है। उन्हें बाहर सफर करते समय मास्क पहनना चाहिए। एन95 और एन99 मास्क छोटे हानिकारक करणों को सांस के साथ अंदर जाने से रोक सकते हैं।”

–आईएएनएस

Continue Reading

लाइफस्टाइल

सावधान! प्लास्टिक की बोतल में पानी से हो सकती है ये बीमारियां

Published

on

Plastic-

प्लास्टिक बोतल से पानी पीना आपकी सेहत के लिए बहुत खतरनाक साबित हो सकता है।

प्लास्टिक की बोतलों में पानी भरकर रखना अपकी सेहत को खराब कर रहा है। प्लास्टिक चाहे किसी भी तरह की हो वो अपके लिए नुकसानदायक ही है। हमारे जीवन का हिस्सा बन चुकी प्लास्टिक की बोतलें केमिकल्स और बैक्टीरिया से भरी हुई होती हैं और स्वास्थ्य के लिए बहुत खतरनाक हैं।

Image result for प्लास्टिक बोतल

आइए जानते हैं प्लास्टिक की बोतलों में पानी पीने से क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं।

नुकसानदायक रसायनों के अलावा प्लास्टिक फ्लोराइड, आर्सेनिक और एल्युमीनियम जैसे पदार्थ भी रिलीज करती है, जो मानव शरीर के लिए जहरीले होते हैं। प्लास्टिक की बोतल में पानी पीने का मतलब है कि आप अपनी सेहत को धीमा जहर दे रहे हैं। प्लास्टिक गर्म वातावरण में पिघलती है।

जब हम कार या बाइक में प्लास्टिक की बोतल रखते हैं तो ये सूर्य की सीधी रोशनी के संपर्क में आ जाता है। इस हीटिंग से डाॅॅक्सिन निकलता है जो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा बढ़ा सकता है। बाइफिनाइल एक ऐसा रसायन है जो डायबिटीज, फर्टिलिटी, व्यवहार से संबंधित समस्याएं पैदा कर सकता है।

अच्छा होगा कि आप प्लास्टिक की बोतलों में पानी भरकर रखना छोड़ दें। प्लास्टिक में फैथलेट्स जैसे केमिकल की मौजूदगी की वजह से लिवर कैंसर का खतरा भी बढ़ जाता है। यही नहीं, इससे स्पर्म काउंट भी घट जाता है। जब हम प्लास्टिक की बोतलों में पानी पीते हैं तो इससे हमारा इम्यून सिस्टम भी प्रभावित होता है। प्लास्टिक की बोतलों से केमिकल हमारे शरीर में पहुंच जाते हैं और प्रतिरक्षा तंत्र को डिस्टर्ब कर देते हैं।

WeForNews

Continue Reading

लाइफस्टाइल

सुबह उठकर गर्म नींबू पानी पीने से होते हैं ये फायदे

Published

on

-lemon-

अगर आपके दिन की शुरुआत अच्छी जाए तो आपका पूरा दिन अच्छा जाता है। पूरे दिन की भाग-दौड़ के लिए शरीर का स्वस्‍थ्‍ा और सक्रिय रहना बेहद जरूरी है।

अधिकतर लोग अपने दिन की शुरुआत कॉफी या चाय के प्याले के साथ करते हैं। लेकिन अगर आप चाहें तो गर्म पानी में नींबू की कुछ बूंदें डालकर इसे हेल्दी ड्रिंक बनाकर पी सकते हैं। गर्म पानी में नींबू मिलाकर पीने के ये फायदे आपको चाय और कॉफी से दूरी बनाने पर मजबूर कर देंगे।

सुबह उठकर गुनगुने पानी में नींबू के रस की कुछ बूंदें मिलाकर पीना बहुत फायदेमंद होता है। अगर गर्म नींबू पानी को सुपर ड्रिंक कहें तो गलत नहीं होगा। नैशनल इंस्टिट्यूट ऑफ न्यूट्रिशन की रिपोर्ट के मुताबिक, 31 फीसदी पुरुष और 26 फीसदी महिलाएं हाइपरटेंशन का शिकार होती हैं।

इस रिपोर्ट में यह भी बताया गया था कि आपका खान-पान हाइपरटेंशन को नियंत्रित करने में अहम भूमिका निभाता है। इस पर नियंत्रण करने के लिए एक सुपरफूड है- नींबू। यह ना केवल ब्लड प्रेशर को कम करता है बल्कि रक्त नलिकाओं को मुलायम और लचीला बनाता है। अधिकतर सेहतमंद लोगों की तंदरुस्ती का राज गर्म नींबू पानी होता है।

अगर आपको गर्म नींबू पानी पीने के फायदे नहीं पता है तो चलिए हम आपको बताते हैं।

पाचन में मददगार-

हम जो खाना खाते हैं, वो फूड पाइप के जरिए पास होता है। जब हम अच्छी नींद लेकर उठते हैं तो कई अवशेष फूड पाइप में फंसे रह जाते हैं और गर्म नींबू पानी पीने से ये अवशेष बाहर निकल जाते हैं। गर्म पानी पीने से ऑयलीनेस भी कम होता है जो आजकल के खान-पान से ज्यादा हो जाती है।

इम्युनिटी सुधारता है-

नींबू में मौजूद विटामिन सी और पोटैशियम इम्यूनिटी बढ़ाने का काम करता है। खाली पेट नींबू पानी लेने पर पोषक तत्वों का अवशोषण और भी बेहतर ढंग से हो पाता है। इस तरह से शरीर पूरे दिन पौष्टिक तत्वों का अच्छी तरह से अवशोषण कर उनका पूरा फायदा उठा पाता है।

वजन घटाने में मदद-

वजन घटाने की बात आती है तो गर्म नींबू पानी का नाम सबसे पहले लिया जाता है। गर्म नींबू पानी मेटाबॉलिज्म भी बढ़ाता है और फैट बर्न होता है जिसकी वजह से वजन कम करने में मदद होती है। जबकि सुबह उठकर चाय या कॉफी पीने से शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा तो बढ़ती है ही, साथ ही शुगर लेवल पर भी असर पड़ता है।

खूबसूरत स्किन-

नींबू में मौजूद विटामिन सी कोलेजन फॉर्मेशन के लिए आवश्यक है। इससे आपकी स्किन हेल्दी होती है। स्किन केयर में हाइड्रेशन भी बहुत अहम है। सुबह गर्म नींबू पानी पीने से जहरीले पदार्थ बाहर निकल जाते हैं और स्किन में निखार आता है।

कब्ज की समस्या को दूर करने में सहायक

गर्म पानी के साथ नींबू की कुछ बूंदें पेट के लिए बहुत फायदेमंद साबित हो सकती हैं। अगर आपको पेट से जुड़ी ऐसी कोई भी समस्या है तो नींबू पानी पीना आपके लिए बहुत फायदेमंद हो सकता है।

लिवर की सेहत-

लिवर की सेहत मेटाबॉलिज्म का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है और गर्म नींबू पानी पीने से लिवर साफ होता है। लिवर पूरी रात सक्रिय रहता है और सुबह गर्म नींबू पानी पीने से लिवर की एनर्जी रिस्टोर होती है।

मुंह की बदबू को दूर करने में

नींबू एक नेचुरल माउथ फ्रेशनर होता है। रोज सुबह नींबू पानी पीने से मुंह की दुर्गंध धीरे-धीरे दूर हो जाती है।

इसके अलावा चोट भरने में मददगार होता है। नींबू में मौजूद विटामिन सी कोलेजन के उत्पादन में मदद करता है और घाव भरने में मदद करता है। यह ऊतकों के निर्माण में भी मदद करता है। नींबू में अम्लीय गुण पाया जाता है।

ये शरीर के पीएच स्तर को भी बनाए रखने में मददगार है। यह लीवर को सक्रिय बनाता है और शरीर में मौजूद विषाक्त पदार्थों को बाहर करने में सहायक साबित होता है।

WeForNews

Continue Reading

Most Popular