Connect with us

स्वास्थ्य

पर्यावरण प्रदूषण से अस्थमा मरीजों की संख्या 3 गुना बढ़ी : विशेषज्ञ

वायु प्रदूषण बेहद घातक होने के कारण कई तरह की बीमारियां और यहां तक कि अपंगता भी हो सकती है। यह ब्रोंकोस्पाज्म, साइनुसाइटिस, सांस की बीमारियों का कारण बन सकता है। सांस के साथ अधिक मात्रा में कार्बन के शरीर में जाने से व्यक्ति थकान महसूस करने लगता है।

Published

on

HEALTH CARE

नोएडा, 10 नवंबर | दिल्ली-एनसीआर में हवा की गुणवत्ता बेहद खराब हो गई है। हवा गुणवत्ता सूचकांक के अनुसार नोएडा में हवा की गुणवत्ता गिर कर 444 एक्यूआई के गंभीर स्तर पर आ गई है। इसका बुरा असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। सांस की बीमारियों, आंखों और त्वचा के संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, और अस्थमा के मरीजों की संख्या तीन गुना बढ़ गई है। नोएडा के जेपी अस्पताल में पल्मोनरी एण्ड क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. ज्ञानेन्द्र अग्रवाल ने कहा इस मौसम में प्रदूषण के इस स्तर के कारण अस्थमा के मरीजों की संख्या तीनगुना बढ़ गई है और यह संख्या और यदि प्रदूषण में सुधार नहीं हुआ तो यह संख्या और भी बढ़ सकती है।

उन्होंने कहा, “ऐसे समय में यथासंभव घर के अंदर ही रहें। आउटडोर गतिविधियां जैसे रनिंग, जॉगिंग, साइक्लिंग, जिम आदि न करें। नवम्बर से जनवरी के बीच सुबह के समय घर से बाहर न जाएं। धूल की एलर्जी से बचने के लिए अपने मुंह को रूमाल से ढक कर रखें।”

उन्होंने कहा, “अस्थमा के मरीज अपने साथ हमेशा इन्हेलर रखें। अच्छी गुणवत्ता का मास्क पहनें, जो पीएम 2.5 को फिल्टर कर सके, ताकि आपके फेफड़ों पर स्मॉग का असर न हो। सांस लेने में परेशानी हो तो भाप लें। विटामिन सी, ई और बीटा-कैरोटीन का सेवन करें, इससे बीमारियों से लड़ने की क्षमता बढ़ती है। अगर आपको कोई भी परेशानी हो तुरंत डॉक्टर की सलाह लें।”

डॉ. अग्रवाल ने कहा, “वायु प्रदूषण बेहद घातक होने के कारण कई तरह की बीमारियां और यहां तक कि अपंगता भी हो सकती है। यह ब्रोंकोस्पाज्म, साइनुसाइटिस, सांस की बीमारियों का कारण बन सकता है। सांस के साथ अधिक मात्रा में कार्बन के शरीर में जाने से व्यक्ति थकान महसूस करने लगता है।”

डॉ. अग्रवाल ने कहा कि घर के भीतर की हवा को साफ करने के लिए प्राकृतिक एयर-प्यूरीफाइंग पौधे लगा सकते हैं, जैसे मनी प्लांट, एलो वेरा और स्पाइडर प्लांट। ये सभी पौधे अपने आस-पास की हवा को साफ करते हैं। घर में केमिकल फ्रेशनर या क्लीनर का इस्तेमाल न करें, इसके अलावा बंद कमरे में मोमबत्ती या धुंए वाली चीजें न जलाएं।

उन्होंने कहा कि घर की खिड़कियों को खोल कर रखें, ताकि हवा का सुगम संचार होता रहे और एसी के फिल्टर को नियमित रूप से साफ करें, ताकि कमरे में आने वाली हवा में धूल न हो।

डॉ. अग्रवाल ने कहा कि घरों में अच्छे एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल कर सकते हैं, और कार में बैठने से पहले कुछ देर के लिए खिड़कियां खोल दें, ताकि ताजा हवा भीतर आ जाए। कार के एसी को इन्डोर मोड में रखें।

उन्होंने कहा कि इन दिनों विटामिन सी, मैग्नीशियम और ओमेगा फैटी एसिड से युक्त फलों का सेवन करें, तथा पर्याप्त मात्रा में पानी पीएं।

–आईएएनएस

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

स्वास्थ्य

जॉनसन एंड जॉनसन पाउडर से बच्चों को कैंसर का खतरा : रिपोर्ट

Published

on

johnson powder-
File Photo

जॉनसन एंड जॉनसन के प्रोडक्ट्स को सभी जगह पंसद किया जाता हैं। भारत की बात करें तो यहां जॉनसन एंड जॉनसन के प्रोडक्ट्स को ही बच्चों के लिए बेस्ट माना जाता है।

लेकिन एक नई रिपोर्ट में इस कंपनी को लेकर जो खुलासा हुआ है उससे आपके होश उड़ जाएंगे। मशहूर कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन पर लंबे समय से आरोप लग रहे थे कि इसके बेबी पाउडर (Baby Powder) से कैंसर होता है। इस बात का खुलासा अब रॉयटर्स की एक रिपोर्ट में हुआ है।

रॉयटर्स ने अपनी रिपोर्ट में कंपनी के इंटरनल डॉक्यूमेंट्स का हवाला देते हुए कहा है कि कंपनी एग्जेक्यूटिव से लेकर माइन मैनेजर, वैज्ञानिक, डॉक्टर और यहां तक कि वकील भी इस बात से अवगत थे। यह जानते हुए भी कंपनी सालों से यह प्रोडक्ट बेच रही है। रॉयटर्स की इस रिपोर्ट के मुताबिक उसने कंपनी के कई डॉक्यूमेंट्स का अध्ययन किया जिसमें सामने आया कि 1971 से 2000 तक जॉनसन एंड जॉनसन के रॉ पाउडर और बेबी पाउडर की टेस्टिंग में कई बार एस्बेस्टस होने की बात सामने आई।

इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि कंपनी ने कॉस्मेटिक टैल्कम पाउडर में एस्बेस्टस की मात्रा को लिमिट करने के की कोशिशों के खिलाफ अमेरिकी रेगुलेटर्स पर दबाव भी बनाया। इसमें वह काफी हद तक सफल भी हुई। इस रिपोर्ट के बाद अमेरिकी शेयर बाजार में कंपनी के स्टॉक में शुक्रवार को 10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

सीएनएन ने लिखा कि 2002 के बाद यह कंपनी के शेयर्स में सबसे बड़ी गिरावट है। 19 जुलाई 2002 को कंपनी के शेयर्स में 16 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी। तब कंपनी की एक पूर्व कर्मी ने कंपनी पर रिकॉर्ड में गड़बड़ी का आरोप लगाया था। इतना ही नहीं साल 2018 अगस्त में अमेरिका की मिसौरी की एक अदालत ने बेबी पाउडर से कैंसर होने की बात साबित होने के बाद कंपनी पर करीब 32 हजार करोड़ रुपये का भारी-भरकम जुर्माना भी लगाया था।

कंपनी लगातार इन आरोपों को खारिज करती रही है। मीडिया सूत्रों के मुताबिक जॉनसन एंड जॉनसन ने रॉयटर्स की इस रिपोर्ट को एक तरफा और गलत बताया है। कंपनी ने कहा, “रॉयटर्स का आर्टिकल एकतरफा और झूठा है। कंपनी का बेबी पाउडर सुरक्षित और एस्बेस्टस फ्री है।

कंपनी ने आगे कहा, “कंपनी, रेगुलेटर्स, इंडिपेंडेंट लैब्स और शैक्षिक संस्थानों की तरफ से कराए गए हजारों टेस्ट्स में से किसी में भी यह बात सामने नहीं आई कि कंपनी के पाउडर में एस्बेस्टस होता है। कंपनी ने कहा कि दशकों से फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन और अन्य ग्लोबल रेगुलेटर्स को सहयोग देती रही है। कंपनी ने कहा कि वह टेस्टिंग के लिए सबसे एडवांस्ड मैथड का इस्तेमाल करती है।

WeForNews

Continue Reading

स्वास्थ्य

सिनेमा, संग्रहालय जाने से बुजुर्गों में अवसाद का जोखिम हो सकता है कम

Published

on

सिनेमा, थिएटर या संग्रहालय जैसी सांस्कृतिक गतिविधियों के नियमित रूप से संपर्क में रहने से बुजुर्ग अवसाद से दूर रह सकते हैं। एक नए अध्ययन में इस बात का खुलासा हुआ है। अवसाद एक बड़ा मुद्दा है, जिससे लाखों लोग प्रभावित होते हैं, विशेषकर बुजुर्ग।

अध्ययन में सामने आया कि वे लोग जो प्रत्येक दो-तीन महीने में फिल्में, नाटक या प्रदर्शनी देखते हैं, उनमें अवसाद विकसित होने का जोखिम 32 फीसदी कम होता है, वहीं जो महीने में एक बार जरूर यह सब चीजें करते हैं उनमें 48 फीसदी से कम जोखिम रहता है।

ब्रिटेन के यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन की वरिष्ठ रिसर्च एसोसिएट डेजी फैनकोर्ट ने कहा, “लोग मनोरंजन के लिए सांस्कृतिक गतिविधियों से जुड़ते हैं लेकिन हमें इसके व्यापक फायदों के बारे में जागरूकता फैलाने की जरूरत है।”

ब्रिटिश जर्नल ऑफ साइकियाट्री में प्रकाशित अध्ययन के मुताबिक, इन सांस्कृतिक गतिविधियों की शक्ति सामाजिक संपर्क, रचनात्मकता, मानसिक उत्तेजना और सौम्य शारीरिक गतिविधि के संयोजन में निहित है, जो उन्हें प्रोत्साहित करती है।

फैनकोर्ट के मुताबिक, अगर हम तनाव या कुछ अलग सा महसूस करना शुरू कर देते हैं तो सांस्कृतिक जुड़ाव वह सामान्य चीज है, जिससे हम हमारे मानसिक स्वास्थ्य की सक्रिय रूप से मदद कर सकते हैं ताकि वह उस बिंदु तक न पहुंचे, जहां हमें किसी पेशेवर चिकित्सा मदद लेने की जरूरत आ पड़े।
अध्ययन के लिए, शोधकर्ताओं ने 50 से ज्यादा की उम्र के 2,48 से अधिक लोगों का अध्ययन किया।

–आईएएनएस

Continue Reading

राष्ट्रीय

ऑनलाइन दवा खरीद पर रोक

Published

on

delhi high court
प्रतीकात्‍मक तस्‍वीर

दिल्‍ली हाईकोर्ट ने दवाओं की ऑनलाइन बिक्री पर रोक लगा दी है। ये रोक पूरे देश के लिए है। इससे पहले मद्रास हाईकोर्ट भी इस पर रोक लगाने का आदेश दे चुका है।

दिल्‍ली उच्‍च न्‍यायालय के मुख्‍य न्‍यायाधीश जस्टिस राजेंद्र मेनन और जस्टिस वीके रॉय की खंडपीड ने एक पीआईएल की सुनवाई पर फैसला सुनाया।

गौरतलब है कि सितंबर में स्वास्थ्य मंत्रालय ने दवाओं की ऑनलाइन बिक्री का एक ड्राफ्ट तैयार बनाया था। इस ड्राफ्ट के अनुसार, ऑनलाइन दवा की बिक्री के लिए ई फार्मेसी को एक केंद्रीय प्राधिकार के पास पंजीकरण करवाना होगा। इन कंपनियों को मादक द्रव्यों की बिक्री की अनुमति नहीं होगी। ऑनलाइन फार्मेसी को केंद्रीय औषध मानक नियंत्रण संगठन में भी पंजीकरण करवाना जरूरी है लेकिन दवा कंपनियां ऐसे करने से बचती हैं। ऑनलाइन दवा बिक्री के लिए ठोस कानून न होने से कंपनियां मनमानी पर उतर आई हैं।

WeForNews

Continue Reading
Advertisement
ghulam-nabi-azad
राजनीति30 mins ago

कश्मीर में नागरिक हत्याओं की जांच हो : आजाद

bhupesh bhaghel
चुनाव1 hour ago

भूपेश बघेल बने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री

naseeruddin shah-virat kohli
राष्ट्रीय1 hour ago

नसीरुद्दीन शाह बोले- ‘दुनिया के सबसे बिगड़ैल खिलाड़ी विराट’

mumbai
शहर2 hours ago

मुंबई : अस्पताल में आग से 1 की मौत

kamal nath
राजनीति2 hours ago

सीएम बनते ही कमलनाथ ने किसानों का कर्ज किया माफ

nail
लाइफस्टाइल2 hours ago

बदल रहा है नाखून का रंग तो हो जाएं सावधान…

Meghalaya
अंतरराष्ट्रीय3 hours ago

मेघालय सीएम बोले- खदान में फंसे मजदूरों को बचा पाना मुश्किल

love
लाइफस्टाइल3 hours ago

प्यार में पहल पुरुष ही क्यों करें?

Benjamin-Netanyahu-Yair
अंतरराष्ट्रीय3 hours ago

मुस्लिम-विरोधी पोस्ट के लिए नेतन्याहू के बेटे फेसबुक पर प्रतिबंधित

Honor Band 4
टेक4 hours ago

भारत में ऑनर बैंड 4 लॉन्च

Congress-reuters
राजनीति3 weeks ago

संघ का सर्वे- ‘कांग्रेस सत्ता की तरफ बढ़ रही’

Sara Pilot
ओपिनियन3 weeks ago

महिलाओं का आत्मनिर्भर बनना बेहद जरूरी : सारा पायलट

Phoolwaalon Ki Sair
ब्लॉग4 weeks ago

फूलवालों की सैर : सांप्रदायिक सद्भाव का प्रतीक

Bindeshwar Pathak
ज़रा हटके4 weeks ago

‘होप’ दिलाएगा मैन्युअल सफाई की समस्या से छुटकारा : बिंदेश्वर पाठक

bundelkhand water crisis
ब्लॉग3 weeks ago

बुंदेलखंड में प्रधानमंत्री के दावे से तस्वीर उलट

Toilets
ब्लॉग3 weeks ago

लड़कियों के नाम, नंबर शौचालयों में क्यों?

Ranveer singh-
मनोरंजन2 weeks ago

दीपिका-रणवीर के रिसेप्शन में पहुंचे बॉलीवुड के ये सितारे, देखें तस्वीरें

Tigress Avni
ब्लॉग3 weeks ago

अवनि मामले में महाराष्ट्र सरकार ने हर मानक का उल्लंघन किया : सरिता सुब्रमण्यम

ATM
ब्लॉग3 weeks ago

देश के आधे एटीएम बंद हुए तो होंगे नोटबंदी जैसे हालात!

demonetisation
ब्लॉग4 weeks ago

नये नोट ने निगले 16,000 करोड़ रुपये

Jammu-Kashmir
शहर9 hours ago

कश्मीर में शीतलहर का प्रकोप जारी

delhi-bus--
मनोरंजन1 day ago

निर्भया पर बनी फिल्म ‘दिल्ली बस’, इस दिन होगी र‍िलीज

Kapil Sibal
राष्ट्रीय3 days ago

राफेल पर सिब्‍बल का शाह को जवाब- ‘जेपीसी जांच से ही सामने आएगा सच’

Rajinikanth-
मनोरंजन5 days ago

रजनीकांत के जन्मदिन पर ‘पेट्टा’ का टीजर रिलीज

Jammu And Kashmir
शहर1 week ago

जम्मू-कश्मीर के राजौरी में बर्फबारी

Rajasthan
चुनाव1 week ago

राजस्थान में सड़क पर ईवीएम मिलने से मचा हड़कंप, दो अफसर सस्पेंड

ISRO
राष्ट्रीय2 weeks ago

भारत का सबसे भारी संचार उपग्रह कक्षा में स्थापित

ShahRukh Khan-
मनोरंजन2 weeks ago

शाहरुख की फिल्म ‘जीरो’ का दूसरा गाना रिलीज

Simmba-
मनोरंजन2 weeks ago

रणवीर की फिल्म ‘सिम्बा’ का ट्रेलर रिलीज

Sabarimala
राष्ट्रीय2 weeks ago

सबरीमाला विवाद पर केरल विधानसभा में हंगामा, विपक्ष ने दिखाए काले झंडे

Most Popular